देहरादून:
स्वामी दर्शन भारती रविवार को देहरादून पहुंचे। इस दौरान उन्होंने अंकिता भंडारी हत्याकांड से जुड़े घटनाक्रम को लेकर अपनी बात रखी। स्वामी दर्शन भारती ने कहा कि मामले में उर्मिला सनावर को उत्तराखंड लाने के लिए काफी प्रयास किए गए, लेकिन उर्मिला को पुलिस पर भरोसा नहीं था।
उन्होंने बताया कि उन्होंने स्वयं उर्मिला को भरोसा दिलाया, जिसके बाद वह उत्तराखंड आने के लिए तैयार हुईं। स्वामी दर्शन भारती के अनुसार, उर्मिला ने स्पष्ट कहा था कि उनके पास मौजूद डिवाइस को वह पुलिस या एसआईटी को नहीं देंगी, बल्कि सीधे न्यायालय में ही जमा करेंगी।
स्वामी दर्शन भारती ने कहा कि उर्मिला को उत्तराखंड लाने को लेकर उन्हें काफी आलोचनाओं का सामना करना पड़ा, लेकिन उनका उद्देश्य केवल मामले में न्याय की प्रक्रिया को आगे बढ़ाना था।
उन्होंने यह भी कहा कि उत्तराखंड में भी नेपाल की तरह जैन-जी को भड़काने का प्रयास किया जा रहा था, जबकि अब महापंचायत जैसे आयोजनों में हर कोई राजनीति कर रहा है। स्वामी दर्शन भारती ने कहा कि सीबीआई की प्रतिष्ठा इस मामले में दांव पर है।
उन्होंने आगे कहा कि अब वे भू-कानून के मुद्दे पर काम करेंगे और जो भी राजनीतिक दल इस विषय पर उनके साथ आएगा, वे उसका समर्थन करेंगे।






