हरिद्वार के हरिपुर कलां स्थित राष्ट्र भक्ति आश्रम को लेकर चल रहे विवाद में आज स्वामी चैतन्य सरस्वती ने मीडिया के सामने अपना पक्ष रखा।
स्वामी चैतन्य ने साध्वी रेणुका द्वारा लगाए गए सभी आरोपों को निराधार बताते हुए इसे आश्रम पर कब्जा करने की साजिश करार दिया।
स्वामी चैतन्य सरस्वती का कहना है कि उन्होंने वर्षों की मेहनत से इस आश्रम की स्थापना की, लेकिन अब कुछ लोग इसे हड़पने का प्रयास कर रहे हैं।
उन्होंने आरोप लगाया कि साध्वी रेणुका ने एक व्यक्ति के साथ मिलकर मारपीट की और आश्रम पर कब्जा करने की कोशिश की।
स्वामी चैतन्य ने इसे संत परंपरा को बदनाम करने वाला कृत्य बताते हुए सरकार से पूरे मामले की जांच की मांग की है।
उन्होंने एससी एक्ट के तहत दर्ज मुकदमे को भी षड्यंत्र बताया।
वहीं, पत्रकार वार्ता में मौजूद साध्वी प्राची ने भी साध्वी रेणुका के कृत्यों की कड़ी निंदा करते हुए कहा कि इस तरह के कार्य संत परंपरा के खिलाफ हैं।
फिलहाल, आश्रम विवाद को लेकर आरोप-प्रत्यारोप का दौर जारी है और सभी की निगाहें प्रशासन की कार्रवाई पर टिकी हुई हैं।







